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दुनिया का सबसे छोटा महासागर, लेकिन फिर भी समा जायेगा पूरा अमेरिका, जानें क्या नाम है?

दुनिया का सबसे छोटा महासागर

Smallest Ocean: हम और आप सभी अपना ज्यादातर जीवन जमीन पर बिताते हैं, लेकिन हम एक ऐसे ग्रह पर रहते हैं जहां खारे पानी के महासागरों का वर्चस्व है। ये महासागर दुनिया का 71 प्रतिशत हिस्सा कवर करते हैं। जियोग्राफर्स दुनिया के महासागरों को क्षेत्रों के नामों में विभाजित करते हैं। क्या आप इस बात से वाकिफ हैं कि दुनिया का सबसे छोटा महासागर कौन सा है नहीं पता तो बता दें, आर्कटिक महासागर को दुनिया का सबसे छोटा महासागर माना जाता है लेकिन सबसे छोटा होने के बावजूद यह आकार में काफी बड़ा है।

उत्तरी अमेरिका से 150 प्रतिशत बड़ा

तकरीबन 8.7 मिलियन किलोमीटर तक फैला आर्कटिक महासागर उत्तरी अमेरिका से करीब 150 प्रतिशत बड़ा है। यह उत्तरी गोलार्ध के ध्रुवीय क्षेत्र में स्थित है और यूरोप, एशिया और उत्तरी अमेरिका के महाद्वीपों से घिरा हुआ है। ठंडा वातावरण आर्कटिक महासागर को पूरे साल बर्फ से ढके रखता है। हालांकि बढ़ते वैश्विक तापमान के कारण आर्कटिक समुद्री बर्फ के पिघलने में वृद्धि हुई है।

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आर्कटिक महासागर कितना गहरा है?

आर्कटिक महासागर न केवल आकार में सबसे छोटा है बल्कि यह सबसे उथला भी है। यह आकार में प्रशांत महासागर से 10 गुना छोटा है। नेशनल ओशनिक एंड एटमॉस्फेरिक एडमिनिस्ट्रेशन के अनुसार समुद्र की औसत गहराई 3.7 किमी या लगभग 12,100 फीट होती है। आर्कटिक महासागर की औसत गहराई सिर्फ 1.04 किमी या 3,407 फीट है। छोटे आकार और कम गहराई के कारण कुछ लोग आर्कटिक को ‘महासागर’ के रूप में खारिज भी करते हैं।

दुनिया में कितने महासागर?

ऐतिहासिक रूप से, वैश्विक समुदाय ने चार महासागरों को मान्यता दी है। अटलांटिक, प्रशांत, हिंद और आर्कटिक महासागर। साल 2000 में अंतरराष्ट्रीय हाइड्रोग्राफिक संगठन (IHO) ने सूची में पांचवां महासागर जोड़ा- दक्षिणी महासागर।