Hindi News

indianarrative

Petrol Diesel के दामों में फिर हो सकती है कटौती- सरकार ने बताया कब और कैसे होगा सस्ता

Petrol Diesel के दामों में फिर होगी कटौती

पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर आम जनता का आज ङी राहत मिली है। तेल कंपनियों ने आज भी किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया है। देश में इस वक्त पुरानी कीमतों पर ही पेट्रोल-डीजल मिल रहा है। दीपावली के मौके पर केंद्र सरकारा द्वारा एक्साइज ड्यूटी में कटौती फिर राज्य सरकारों द्ारा वैट में कटौती करने के बाद पेट्रोल-डीजल के भाव में अलग से अबदलाव नहीं आया है।

यह भी पढ़ें- देश के सबसे बड़े IPO ने किया निराश, शेयर बाजार में Paytm की फ्लॉप एंट्री

हालांकि, इस वक्त इस वक्त अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लगातार गिर रही हैं। बीते काफी दिनों से क्रूड ऑयल के भाव में सुस्ती बनी हुई है। पेट्रोल और डीजल के उत्पादन में बड़े पैमाने पर कच्चे तेल का ही इस्तेमाल होता है। ऐसे में कच्चे तेल के गिरते भाव के बावजूद भारत में पेट्रोल और डीजल के भाव स्थिर बने हुए हैं।

इंडियन ऑयल कार्पोरेशन लिमिटेड की वेबसाइट के अनुसार दिल्ली में पेट्रोल का दाम 103.97 रुपये लीटर जबकि डीजल का दाम 86.67 रुपये प्रति लीटर है। मुंबई में पेट्रोल की कीमत 109.98 और डीजल की कीमत 94.14 रुपये प्रति लीटर है। कोलकाता में पेट्रोल का दाम 104.67 व डीजल 89.79 रुपये लीटर है। वहीं चेन्नई में भी पेट्रोल 101.40 रुपये लीटर है तो डीजल 91.43 रुपये लीटर है।

देखिए इन शहरों में क्या है पेट्रोल-डीज़ल भाव

देश की राजधानी नई दिल्‍ली में पेट्रोल 103.97और डीजल 86.67रुपए प्रति लीटर है।

मुंबई में पेट्रोल 109.98और डीजल 94.14रुपए प्रति लीटर है।

कोलकाता में पेट्रोल 104.67और डीजल 89.79रुपए प्रति लीटर है।

चेन्‍नई में पेट्रोल 101.40और डीजल 91.42रुपए प्रति लीटर है।

भोपाल में पेट्रोल 107.23और डीजल 90.87रुपए प्रति लीटर है।

हैदराबाद में पेट्रोल 108.20और डीजल 94.62रुपए प्रति लीटर है।

बैंगलुरू में पेट्रोल 100.58और डीजल 85.01रुपए प्रति लीटर है।

लखनऊ में पेट्रोल 95.28 और डीजल 86.80 रुपए प्रति लीटर है।

यह भी पढ़ें- Gold Price Today: सोना-चांदी के फिर टूटे रेट, खरीदने का सुनहरा मौका

बता दें कि, केंद्र सरकार पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लाना चाहती है लेकिन राज्य सरकार इसके लिए राजी नहीं है। केंद्र सरकार की ओर से उत्पाद शुल्क और राज्य सरकार की ओर से वैट आदि लगाए जाते हैं। पेट्रोल और डीजल दोनों जीएसटी के दायरे में नहीं आते। इसलिए इस पर केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा कर लगाए जाते हैं। केंद्र सरकार इन पर उत्पाद शुल्क या एक्साइज लगाती है, जबकि राज्य सरकार वैट लगाती है। ऐसे में जबह आप राज्य सरकार अपने हक का वैट कम कर देती है तो फ्यूल के रेट में कमी आ जाती है।