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India vs Bharat विवाद में कूदे विदेश मंत्री, एस जयशंकर ने विपक्ष को दी संविधान पढ़ने की सलाह।

India vs Bharat मामले में विदेश मंत्री ने दी विपक्ष को संविधान पढ़ने की सलाह

India vs Bharat विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। देश के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इंडिया बनाम भारत को लेकर विपक्ष को संविधान पढ़ने की सलाह दे डाली है। इंडिया की जगह भारत नाम का इस्तेमाल किए जाने पर विदेश मंत्री ने कहा कि भारत शब्द का अर्थ संविधान में भी परिलक्षित होता है।

एस जयशंकर ने India vs Bharat  के मुद्दे पर विपक्ष को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इंडिया दैट इज भारत यह संविधान में है।” उन्होंने सभी से आग्रह करते हुए कहा कि कृपया सभी को इसे पढ़ने के जरूरत है। हालांकि विदेश मंत्री एस जयशंकर पहले व्यक्ति नहीं हैं जो इस मुद्दे पर मुखर होकर बोल रहे हैं, इस मुद्दे पर बीजेपी के कई नेताओं ने अपनी-अपनी प्रतिक्रियाएं दी है।

बता दें कि जी-20 शिखर सम्मेलन के निमंत्रण पत्र पर ‘प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया’ के जगह ‘प्रेसिडेंट ऑफ भारत’ लिखे जाने पर मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने सबसे पहले आपत्ति दर्ज कराई थी,जिसके बाद अन्य विपक्षी पार्टी भी कहने लगी की बीजेपी विपक्षी गठबंधन के I.N.D.I.A नाम से डर गई।

मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस के संचार महासचिव जयराम रमेश ने मंगलवार सुबह उस कार्ड की प्रति को सार्वजनिक करते हुए सबसे पहले आपत्ति जताई। जयराम रमेश ने एक्स पर एक पोस्ट भी किया जिसका कैप्शन लिखा हुआ है कि ‘ये खबर वाकई सच है’। दरअसल, राष्ट्रपति भवन ने नौ सितंबर को जी-20 रात्रिभोज के लिए जो निमंत्रण पत्र भेजा है,उसमें प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया के बदले प्रेसिडेंट ऑफ भारत लिखा हुआ है।

विदेश मंत्री ने किया विपक्ष पर हमला

India vs Bharat के मुद्दे पर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने संविधान में वर्णित इंडिया दैट इज भारत का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ‘भारत’ शब्द का अर्थ संविधान में भी परिलक्षित होता है। वहीं उन्होंने आगे कहा, ‘इंडिया दैट इज भारत,यह संविधान में है’। ‘कृप्या मैं सभी को इसे पढ़ने की आग्राह करता हूं।‘

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने आगे कहा, ‘यह पहले ही हो जाना चाहिए था,इससे मन को बहुत संतुष्टि मिलती’।उन्होंने आगे कहा ‘भारत’ हमारा परिचय है,हमें इस पर गर्व है। राष्ट्रपति ने ‘भारत’ को प्राथमिकता दी है,जो औपनिवेशिक मानसिकता से बाहर निकलने के लिए प्रेरित करेगा।

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